हरिद्वार। हरिद्वार में एक हद से भी ज्यादा काला व्यक्ति इन दिनों चर्चा में है, किसी भी प्रकार का अवैध कारोबार हो तो ये काला भूसण्ड वहां पर उगाही, हफ्ता या महीना लेने के लिए तुरंत पहुंच जाता है। कुछ मठाधिशों का वृहदहस्त, स्वयं को पत्रकार कहने वाले इस व्यक्ति ने हरिद्वार से लेकर रूड़की, लक्सर तक ही नहीं बल्कि ऋषिकेश तक आतंक मचा रखा है। ऐसा नहीं है कि इसकी कार्यशैली का कभी किसी ने विरोध नहीं किया, कईं बार ये धूना भी जा चुका है लेकिन बाज़ नहीं आ रहा है। एक परिषद के प्रधान का यह गुर्गा हर जगह मुंह मारते हुए देखा जा सकता है, कोई विभाग हो या जरायम पेशे का कारोबार सब जगह ये हद से भी ज्यादा काला व्यक्ति अपनी उपस्थिति दर्ज कराता है और इतना ही नहीं तुरंत वह जानकारी अपने आका यानि प्रधान और उनके अन्य गुर्गों तक पहुंचा देता है और फिर शुरू होता है उगाही का खेल। अब प्रधान तो प्रधान जी ठहरे वो तो कहीं आते जाते नहीं हैं लेकिन अन्य गुर्गों के माध्यम से उनका हिस्सा उन तक अवश्य पहुंच जाती है। कुछ इन्हीं वज़ह से उक्त भूसंड व्यक्ति कईं लोगों का, कईं ग्रुपों का चहेता बना हुआ है। जितने भी लोग इसके आसपास मंडराते हैं उन सब का उद्देश्य एक ही है वो है अवैध धन उगाही। आपने पुरानी फिल्मों में देखा होगा कि एक विलेन की एक चौपाल लगती है और उसमे सारी उगाही डाली जाती है कोई कहता है कि मैंने आज हफ्ते के हजार ₹ लिए हैं और कोई कहता है कि मैं 1500/- लेकर आया हूं और वो सब एक टेबल पर रख देते हैं फिर बड़ा विलेन उसमें से थोड़े थोड़े अपने गुर्गों को देता है और बड़ा हिस्सा खुद रख लेता है, बस यही हो रहा है इन दिनों अपने शहर में! अवैध उगाही की रेवड़ियाँ आ भी रही हैं और सब में बंट भी रही है।
