लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की मौजूदगी में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान हुई एक घटना और महिला पत्रकार दिव्या श्रीवास्तव के कथित आचरण को लेकर राजधानी लखनऊ समेत पूरे उत्तर प्रदेश के मीडिया जगत में चर्चाएं तेज हो गई हैं। घटनाक्रम को लेकर पत्रकारिता के तौर-तरीकों और पेशेवर मर्यादाओं पर भी सवाल उठाए जा रहे हैं।
प्रतिष्ठित मीडिया प्लेटफॉर्म ‘मीडिया4समाचार’ से विशेष बातचीत में लखनऊ के वरिष्ठ पत्रकार एवं बंसल न्यूज चैनल के स्टेट हेड दिलीप सिंह ने पूरे घटनाक्रम को बेहद शर्मनाक बताया। उन्होंने कहा कि पत्रकारिता लोकतंत्र का महत्वपूर्ण स्तंभ है और पत्रकारों से अपेक्षा की जाती है कि वे अपनी भूमिका को पूरी गंभीरता, संयम और पेशेवर मर्यादा के साथ निभाएं।
दिलीप सिंह के मुताबिक, प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान या उसके बाद जिस तरह का कथित हंगामा सामने आया, वह पत्रकारिता की गरिमा के लिहाज से उचित नहीं कहा जा सकता। उन्होंने आरोप लगाया कि ऐसे गैर-पेशेवर व्यवहार और कथित पब्लिसिटी स्टंट का खामियाजा उन वरिष्ठ एवं जमीनी पत्रकारों को भी भुगतना पड़ता है, जो वर्षों से पूरी जिम्मेदारी के साथ पत्रकारिता कर रहे हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि यदि किसी पत्रकार को किसी मुद्दे पर सवाल या आपत्ति है तो उसे तथ्य और सवालों के माध्यम से सामने रखना चाहिए, न कि ऐसा कोई कदम उठाना चाहिए जिससे पूरी मीडिया बिरादरी की छवि प्रभावित हो।
