शंकराचार्य चौक से मालवीय चौक और शिवमूर्ति चौक तक निर्माण कार्यों का निरीक्षण, रात में भी काम कराने और गुणवत्ता की नियमित निगरानी के निर्देश
हरिद्वार, 14 अक्टूबर। कुंभ नगरी हरिद्वार को महापर्व के लिए तैयार करने की कवायद तेज हो गई है। कहीं सड़कें संवारी जा रही हैं तो कहीं फुटपाथ और पैदल मार्गों को नया स्वरूप दिया जा रहा है। लेकिन इन निर्माण कार्यों में देरी या गुणवत्ता से समझौता न हो, इसके लिए मेला प्रशासन ने निगरानी का शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। बुधवार को मेलाधिकारी सोनिका ने नगर के विभिन्न क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण कर निर्माण कार्यों की प्रगति, गुणवत्ता और अधिकारियों की निगरानी व्यवस्था का जायजा लिया। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी कार्य निर्धारित समयसीमा में पूरे हों और लापरवाही की कोई गुंजाइश न रहे।
सड़कों, चौराहों और फुटपाथों पर विशेष नजर
मेलाधिकारी सोनिका ने सबसे पहले शंकराचार्य चौक से मालवीय चौक तक सड़क सुधार, चौराहों के विकास, मीडियन, फुटपाथ और सौंदर्यीकरण के कार्यों का निरीक्षण किया। इस दौरान नगर आयुक्त नंदन कुमार, एचआरडीए सचिव प्रत्यूष सिंह और लोक निर्माण विभाग के अधीक्षण अभियंता डीपी सिंह सहित संबंधित अधिकारियों से कार्यों की प्रगति की जानकारी ली।
उन्होंने सड़कों के बीच और अन्य स्थानों पर बेतरतीब खड़े तथा क्षतिग्रस्त पोलों को हटाने के निर्देश दिए। साथ ही यातायात को सुचारु बनाने और पैदल चलने वाले श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए व्यवस्थाएं दुरुस्त करने पर जोर दिया।
माया देवी मंदिर से शिवमूर्ति चौक तक व्यवस्थाओं की पड़ताल
इसके बाद मेलाधिकारी ने जिलाधिकारी मयूर दीक्षित के साथ माया देवी मंदिर क्षेत्र से वाल्मीकि चौक होते हुए गुजरांवाला चौक तक व्यवस्थाओं का जायजा लिया। सड़क सुधार और स्वच्छता से जुड़े कार्यों की समीक्षा करते हुए उन्होंने संबंधित विभागों को समय रहते सभी कमियां दूर करने के निर्देश दिए।
गुजरांवाला धर्मशाला से शिवमूर्ति चौक तक की आंतरिक गलियों में भी आवश्यक सुधारों की समीक्षा की गई। व्यस्त शिवमूर्ति चौक क्षेत्र में सड़क सुधार, फुटपाथ निर्माण और सौंदर्यीकरण के कार्यों को जल्द पूरा करने के निर्देश दिए गए। मेलाधिकारी ने कहा कि निर्माण कार्य कुंभ नगरी की गरिमा के अनुरूप आकर्षक और गुणवत्तापूर्ण होने चाहिए। सड़कों और फुटपाथों पर अतिक्रमण रोकने के लिए भी लगातार कार्रवाई की जाए।
मनसा देवी मार्ग पर श्रद्धालुओं की सुविधा पर जोर
भगत सिंह चौक और बिल्केश्वर क्षेत्र से मनसा देवी मार्ग तक फुटपाथ निर्माण तथा मनसा देवी पैदल मार्ग के सुदृढ़ीकरण कार्यों का भी निरीक्षण किया गया। इन कार्यों को समयसीमा में पूरा करने के निर्देश दिए गए, ताकि कुंभ के दौरान श्रद्धालुओं को सुरक्षित और सुगम आवागमन की सुविधा मिल सके।
अब रात में होने वाले काम की भी होगी निगरानी
निरीक्षण के दौरान मेलाधिकारी ने निर्माण कार्यों की बहुस्तरीय निगरानी व्यवस्था की भी पड़ताल की। उन्होंने अधिकारियों को नियमित निरीक्षण करने और प्रगति व गुणवत्ता से संबंधित रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।
खास तौर पर कार्यदायी संस्थाओं के पास पर्याप्त संसाधन उपलब्ध होने और रात्रिकालीन शिफ्ट में काम होने की स्थिति की नियमित समीक्षा करने को कहा गया। रात में कितनी प्रगति हुई, निर्माण स्थलों पर संसाधन पर्याप्त हैं या नहीं और गुणवत्ता के मानकों का पालन हो रहा है या नहीं—इन सभी बिंदुओं की रिपोर्ट मेलाधिकारी को उपलब्ध कराई जाएगी।
निरीक्षण के दौरान पीआईयू के अधिशासी अभियंता प्रवीण कुश और लोक निर्माण विभाग के अधिशासी अभियंता योगेश कुमार सहित संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
खड़खड़ी में पुल और सड़क निर्माण का भी निरीक्षण
उधर, अपर मेलाधिकारी दयानंद सरस्वती ने खड़खड़ी क्षेत्र में निर्माणाधीन पुल तथा पुराने दिल्ली-नीति पास मार्ग पर सड़क सुधार और फुटपाथ निर्माण कार्यों का निरीक्षण किया। उन्होंने संबंधित कार्यदायी संस्थाओं को निर्देश दिए कि कुंभ-2027 से जुड़े सभी निर्माण कार्य तय समयसीमा में गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूरे किए जाएं।
कुल मिलाकर, कुंभ-2027 से पहले हरिद्वार की सड़कों, चौराहों, पुलों और पैदल मार्गों को दुरुस्त करने के साथ अब निर्माण कार्यों की निगरानी भी तेज कर दी गई है। मेला प्रशासन का जोर साफ है—काम समय पर हो, गुणवत्ता बनी रहे और कुंभ में आने वाले करोड़ों श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं मिलें।
