रुड़की। भ्रष्टाचार के इतिहास में शुक्रवार का दिन शायद एक नया अध्याय जोड़ गया। जहां आमतौर पर रिश्वत के मामलों में हजारों-लाखों रुपये की चर्चा होती है, वहीं रुड़की तहसील परिसर में एक पीआरडी जवान कथित रूप से मात्र 20 रुपये लेते हुए विजिलेंस के हत्थे चढ़ गया। सूत्रों के अनुसार, तहसील में तैनात पीआरडी जवान संदीप को विजिलेंस टीम ने उस समय पकड़ लिया जब वह कथित तौर पर चाय-पानी के नाम पर 20 रुपये स्वीकार कर रहा था। घटना के बाद तहसील परिसर में यह बहस शुरू हो गई कि आखिर यह रिश्वत थी, महंगाई से जूझती चाय का बजट था या फिर सरकारी व्यवस्था में भ्रष्टाचार का सबसे लो-कॉस्ट मॉडल।प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि 20 रुपये में आजकल ढंग की चाय भी मुश्किल से मिलती है, ऐसे में मामला चर्चा का विषय बन गया। कुछ लोगों ने मजाक में कहा कि यदि आरोप सही हैं तो आरोपी ने भ्रष्टाचार की दुनिया में भी मितव्ययिता का परिचय दिया है। फिलहाल विजिलेंस टीम पूरे मामले की जांच में जुटी है। असली कहानी क्या है, यह तो जांच के बाद ही सामने आएगा, लेकिन तहसील में फिलहाल बीस रुपये वाली चाय सबसे गर्म मुद्दा बनी हुई है।
