हरिद्वार, 17 अप्रैल। स्वगणना 2027 को लेकर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। शुक्रवार को प्रेस क्लब सभागार में आयोजित पत्रकार वार्ता में युवा कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने पर कई गंभीर आरोप लगाए। कैश खुराना ने कहा कि भाजपा सरकार स्वगणना के नाम पर आम जनता की निजी जिंदगी में अनावश्यक हस्तक्षेप कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि स्वगणना के लिए निर्धारित 33 सवालों में कई ऐसे प्रश्न शामिल हैं, जो सीधे तौर पर लोगों की व्यक्तिगत जानकारी और जीवनशैली से जुड़े हुए हैं, जिससे नागरिकों की निजता प्रभावित हो सकती है।
उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि घर में उपलब्ध सुविधाएं, आय के स्रोत, वाहन, मोबाइल, इंटरनेट और बैंकिंग सेवाओं के उपयोग से जुड़े सवाल पूछना लोगों की निजी जानकारी जुटाने का प्रयास है। खुराना ने सवाल उठाया कि आखिर इन जानकारियों का उपयोग किस उद्देश्य से किया जाएगा और इसकी सुरक्षा की क्या गारंटी है। युवा कांग्रेस नेता ने नगर विधायक और जनगणना मंत्री मदन कौशिक से इस मुद्दे पर स्पष्ट जवाब देने की मांग करते हुए कहा कि जनता को बताया जाए कि इस तरह की जानकारी एकत्र करने की आवश्यकता क्यों है। उन्होंने आशंका जताई कि सरकार इस डेटा का दुरुपयोग कर सकती है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि स्वगणना के नाम पर लोगों की निजी जानकारी से छेड़छाड़ की गई, तो पार्टी सड़क से लेकर सदन तक विरोध प्रदर्शन करेगी। पार्षद विवेक भूषण और दिव्यांश अग्रवाल ने मांग की है कि स्वगणना प्रक्रिया को पारदर्शी बनाया जाए और केवल आवश्यक व सीमित जानकारी ही एकत्र की जाए, ताकि आम नागरिकों की निजता सुरक्षित रह सके।
