26 साल पुराने पीठ बाजार के उजड़ने से 150 दुकानदारों की रोजी-रोटी पर संकट, गंगा पटरी मार्ग के गड्ढों और अंधेरे से हादसों का खतरा; अवैध वसूली पर भी कार्रवाई की मांग
हरिद्वार। कुंभ-2027 की तैयारियों के बीच भूपतवाला क्षेत्र की जनसमस्याओं को लेकर समाजसेवी नितिन यादव यदुवंशी ने प्रशासन के सामने दो बड़े मुद्दे उठाए हैं। कलेक्ट्रेट में आयोजित जनता दरबार में मुख्य विकास अधिकारी डॉ. ललित नारायण मिश्र के माध्यम से जिलाधिकारी को दो अलग-अलग ज्ञापन सौंपकर उन्होंने गंगा पटरी मार्ग की बदहाली दूर करने और उजाड़े गए 26 साल पुराने पीठ बाजार के दुकानदारों को दोबारा बसाने की मांग की। पहले ज्ञापन में नितिन यादव ने भागीरथी बिंदु से गीता कुटीर तक गंगा किनारे बने पटरी मार्ग की बदहाल स्थिति पर चिंता जताई। उन्होंने कहा कि सड़क जगह-जगह टूट चुकी है और गहरे गड्ढे राहगीरों के लिए मुसीबत बने हुए हैं। वहीं, लंबे समय से बंद पड़ी स्ट्रीट लाइटों के कारण रात में पूरा मार्ग अंधेरे में डूबा रहता है। इस रास्ते पर रोजाना सैकड़ों लोग मॉर्निंग वॉक और व्यायाम के लिए आते हैं। पुलिस एवं अन्य सरकारी भर्तियों की तैयारी करने वाले युवा भी दौड़ का अभ्यास करते हैं। ऐसे में सड़क की बदहाली कभी भी बड़े हादसे का कारण बन सकती है। आगामी स्नान पर्वों और कुंभ मेले में श्रद्धालुओं की आवाजाही को देखते हुए उन्होंने मार्ग के पुनर्निर्माण, प्रकाश व्यवस्था और सौंदर्यीकरण की मांग की। दूसरे ज्ञापन में उन्होंने भूपतवाला के 26 साल पुराने पीठ बाजार का मुद्दा उठाते हुए प्रशासन का ध्यान करीब 150 छोटे दुकानदारों की रोजी-रोटी पर मंडरा रहे संकट की ओर खींचा। उनका कहना था कि वर्ष 2000 से लग रहे इस बाजार में फल, सब्जी, कपड़े और घरेलू सामान बेचकर छोटे व्यापारी अपने परिवारों का पालन-पोषण कर रहे थे। कुंभ-2027 की तैयारियों के चलते बाजार की जगह बंद करा दिए जाने से इन दुकानदारों के सामने आजीविका का संकट खड़ा हो गया है। नितिन यादव ने आरोप लगाया कि बाजार उजड़ने के बाद मोतीचूर स्टेशन मार्ग पर रेहड़ी-ठेली लगाने वाले दुकानदारों से कुछ असामाजिक तत्वों ने अवैध वसूली शुरू कर दी। उन्होंने दावा किया कि दुकानदारों को धमकाकर पास के एक खाली निजी प्लॉट में दुकानें लगाने के लिए भेजा गया, जहां प्रत्येक दुकान से 100 रुपये वसूले जा रहे हैं। सड़क किनारे दुकान लगाने वालों से भी कथित तौर पर इतनी ही रकम मांगी जा रही है। उन्होंने मांग की कि पीठ बाजार के दुकानदारों को दूधाधारी चौक पर फ्लाईओवर के नीचे अथवा किसी अन्य सरकारी भूमि पर अस्थायी रूप से बाजार लगाने की अनुमति दी जाए। साथ ही कथित अवैध वसूली पर तत्काल रोक लगाई जाए और नगर निगम का निर्धारित शुल्क केवल अधिकृत कर्मचारियों के माध्यम से पारदर्शी तरीके से वसूला जाए। नितिन यादव ने प्रशासन से गंगा पटरी मार्ग का स्थलीय निरीक्षण कराकर जल्द सुधार कार्य शुरू कराने तथा पीठ बाजार के दुकानदारों के पुनर्वास की ठोस व्यवस्था करने की मांग की। उन्होंने कहा कि कुंभ की तैयारियों के नाम पर विकास कार्य जरूरी हैं, लेकिन इसकी कीमत गरीब और मेहनतकश दुकानदारों की रोजी-रोटी छीनकर नहीं चुकाई जानी चाहिए। अब देखना यह है कि प्रशासन इन दोनों जनहित के मुद्दों पर कितनी जल्दी कार्रवाई करता है।
