हरिद्वार। जमालपुर कलां स्थित रामलीला ग्राउंड में रविवार शाम गंगा एक्सप्रेसवे परियोजना से प्रभावित किसानों की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में प्रस्तावित भूमि अधिग्रहण से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर विस्तार से चर्चा करते हुए किसानों के हितों की रक्षा के लिए संयुक्त रणनीति तैयार की गई। किसानों ने एकजुट होकर अपनी मांगों को प्रशासन और शासन तक मजबूती से पहुंचाने का संकल्प लिया। बैठक को संबोधित करते हुए प्रमिल चौधरी ने कहा कि गंगा एक्सप्रेसवे के लिए जिन किसानों की भूमि अधिग्रहित की जाएगी, उनके अधिकारों से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं होने दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि किसानों की समस्याओं और मांगों को केवल जिला प्रशासन ही नहीं, बल्कि राज्य सरकार के समक्ष भी प्रभावी ढंग से उठाया जाएगा ताकि प्रभावित परिवारों को न्याय मिल सके। बैठक में मौजूद किसानों ने भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया में पारदर्शिता, उचित मुआवजा और किसानों के हितों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की। वक्ताओं ने कहा कि यदि किसानों की जायज मांगों की अनदेखी की गई तो आगे व्यापक आंदोलन की रणनीति भी बनाई जाएगी।
बैठक में प्रवीण चौधरी, डॉ. विक्रम सिंह, नफीस प्रधान, संदीप चौधरी, खलील अहमद, विपिन प्रधान, अरुण पंडित, गौरव अहलूवालिया, राज सिंह, शेखर चौधरी, सोनू चौधरी, गफ्फार, विशेष चौधरी, कल्याण और सावन चौधरी सहित बड़ी संख्या में किसान उपस्थित रहे।
