हरिद्वार, 18 अगस्त 2026। आगामी कुंभ मेला-2027 को लेकर हरिद्वार में तैयारियां अब युद्धस्तर पर पहुंच गई हैं। मंगलवार को सीसीआर सभागार में मेलाधिकारी सोनिका ने निर्माण एवं व्यवस्थाओं से जुड़े विभागों की मैराथन बैठक लेकर परियोजनावार प्रगति का जायजा लिया और अधिकारियों को साफ निर्देश दिए कि कुंभ से जुड़ा कोई भी काम तय समयसीमा से पीछे नहीं रहना चाहिए। मेलाधिकारी सोनिका ने कहा कि जिन परियोजनाओं में मानवशक्ति, मशीनरी या अन्य संसाधनों की कमी है, वहां तत्काल संसाधन बढ़ाए जाएं। जरूरत पड़ने पर महत्वपूर्ण परियोजनाओं में दिन-रात काम कराया जाए, ताकि कुंभ में देश-दुनिया से आने वाले श्रद्धालुओं को तैयार अवस्थापना का पूरा लाभ मिल सके।
सड़क, पुल और घाटों पर विशेष निगरानी
मेलाधिकारी सोनिका ने सड़कों, पुलों और घाटों के निर्माण एवं मरम्मत कार्यों की समीक्षा करते हुए प्रतिदिन की प्रगति फोटोग्राफ्स सहित उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि तकनीकी या प्रशासनिक अड़चन सामने आते ही उसका समाधान किया जाए। निर्माण स्थलों के आसपास अतिक्रमण हटाने और श्रद्धालुओं व स्थानीय नागरिकों के सुगम आवागमन की व्यवस्था सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया। उन्होंने स्पष्ट किया कि गुणवत्ता और समयबद्धता से कोई समझौता नहीं होगा। निर्माण में निर्धारित तकनीकी मानकों, सुरक्षा प्रावधानों और गुणवत्तापूर्ण सामग्री का इस्तेमाल अनिवार्य रूप से कराया जाए। तकनीकी सेल और संबंधित विभाग नियमित स्थलीय निरीक्षण करें तथा गुणवत्ता नियंत्रण के लिए थर्ड पार्टी जांच समयबद्ध तरीके से पूरी कराई जाए।
सीसीआर-2 की स्ट्रेंथ टेस्टिंग IIT रुड़की के साथ केंद्रीय भवन निर्माण संस्थान से भी
बैठक में सीसीआर-2 के निर्माणाधीन भवन की प्रगति भी विशेष रूप से परखी गई। मेलाधिकारी ने निर्देश दिए कि भवन की स्ट्रेंथ टेस्टिंग आईआईटी रुड़की के साथ केंद्रीय भवन निर्माण संस्थान से भी कराई जाए। उन्होंने कहा कि इतने महत्वपूर्ण भवन की संरचनात्मक मजबूती और निर्माण गुणवत्ता का स्वतंत्र तकनीकी परीक्षण जरूरी है।
हरित कुंभ पर भी जोर
सोनिका ने सभी निर्माण परियोजनाओं में निर्धारित कलर कोड का पालन कराने के साथ पौधरोपण, हरित क्षेत्र और सौंदर्यीकरण को भी परियोजनाओं का अभिन्न हिस्सा बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कुंभ क्षेत्र की अवस्थापना ऐसी हो, जिससे श्रद्धालुओं को सुविधा मिलने के साथ हरिद्वार की सुंदरता और पर्यावरणीय संतुलन भी कायम रहे।
पुलिस से लेकर स्वास्थ्य और सैनिटेशन तक तैयारियों की समीक्षा
बैठक में पुलिस, होमगार्ड, पीआरडी, विद्युत आपूर्ति, पेयजल, स्वास्थ्य, स्वच्छता और सैनिटेशन व्यवस्थाओं की भी समीक्षा की गई। मेलाधिकारी ने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ अपनी कार्ययोजनाओं को समयबद्ध तरीके से आगे बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कुंभ मेला-2027 में देश-दुनिया से आने वाले श्रद्धालुओं को सुरक्षित, सुव्यवस्थित, स्वच्छ और सुविधाजनक वातावरण उपलब्ध कराना मेला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।
बैठक में ये अधिकारी रहे मौजूद
बैठक में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (कुंभ) आयुष अग्रवाल, नगर आयुक्त नंदन कुमार, अपर मेलाधिकारी दयानंद सरस्वती, मेला स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. मनीष दत्त, तकनीकी सेल के अधीक्षण अभियंता मनोज भट्ट, एआरटीओ प्रशासन निखिल शर्मा और उप मेलाधिकारी मनजीत सिंह सहित संबंधित विभागों के अधिकारी मौजूद रहे।
