हरिद्वार, 29 अगस्त। जनपद की सड़कों को सुरक्षित और सुगम बनाने के लिए जिलाधिकारी मयूर दीक्षित ने शनिवार को स्वयं धरातल पर उतरकर हरिद्वार-नजीबाबाद राष्ट्रीय राजमार्ग सहित मंगलौर तक के राष्ट्रीय राजमार्ग का स्थलीय निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने सड़क पर बने गड्ढों, अतिक्रमण, साफ-सफाई, झाड़ियों और निर्माणाधीन फ्लाईओवरों की स्थिति का जायजा लेते हुए संबंधित अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि 15 अक्टूबर तक जनपद की सभी सड़कों को गड्ढामुक्त करना प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने राष्ट्रीय राजमार्ग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि जहां भी सड़क पर गड्ढे हैं, वहां तत्काल मरम्मत और पैचवर्क शुरू कराया जाए। उन्होंने कहा कि सड़क की खराब स्थिति के कारण किसी भी तरह की दुर्घटना नहीं होनी चाहिए और इसमें लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। निरीक्षण के दौरान सड़क किनारे अतिक्रमण का मुद्दा भी प्रमुखता से उठा। डीएम ने राष्ट्रीय राजमार्ग के किनारे लगने वाली रेडी-ठेलियों और अन्य अस्थायी अतिक्रमण को तत्काल हटाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि अतिक्रमण हटाने के बाद दोबारा कब्जा न हो, इसके लिए नियमित निगरानी भी सुनिश्चित की जाए।सड़क किनारे उगी झाड़ियों और गंदगी को लेकर भी जिलाधिकारी ने नाराजगी जताई। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को झाड़ियों की कटाई और साफ-सफाई का कार्य प्राथमिकता से कराने के निर्देश दिए, ताकि वाहन चालकों को बेहतर दृश्यता मिल सके और दुर्घटनाओं की आशंका कम हो। डीएम ने विभिन्न स्थानों पर चल रहे फ्लाईओवर निर्माण कार्यों की प्रगति भी देखी। उन्होंने कार्यदायी संस्थाओं को गुणवत्ता से समझौता किए बिना निर्माण कार्य समयबद्ध तरीके से पूरा करने के निर्देश दिए। विशेष रूप से कुंभ मेले के शुरू होने से पहले आवश्यक निर्माण कार्य पूर्ण करने को कहा गया। वहीं, दुर्घटना संभावित स्थानों को चिन्हित कर वहां साइन बोर्ड, चेतावनी संकेतक और आवश्यकतानुसार स्पीड ब्रेकर लगाने के निर्देश परिवहन विभाग को दिए गए। डीएम ने सभी संबंधित विभागों को आपसी समन्वय से काम करते हुए सड़क सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के निर्देश दिए।निरीक्षण के दौरान परियोजना निदेशक एनएचआई विशाल गोयल, प्रोजेक्ट मैनेजर सुमित कुमार, एआरटीओ निखिल शर्मा, श्रीमती नेहा झा, कृष्ण चंद्र पलड़िया सहित संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
