हरिद्वार, 17 जनवरी। न्यायालय से सजा सुनाए जाने के बाद पुलिस अभिरक्षा से मुलजिम के फरार होने के मामले को एसएसपी हरिद्वार प्रमेन्द्र सिंह डोबाल ने बेहद गंभीरता से लिया है। लापरवाही सामने आने पर एसएसपी ने त्वरित अनुशासनात्मक कार्रवाई करते हुए रुड़की न्यायालय में तैनात महिला कोर्ट मोहर्रिर को निलंबित कर दिया है।
प्रकरण के अनुसार, अपर मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट रुड़की द्वारा दिनांक 16 जनवरी को धारा 138 एनआई एक्ट के तहत एक परिवाद में आरोपी को 01 वर्ष की सजा सुनाई गई थी। सजा के बाद आरोपी को पुलिस अभिरक्षा में सौंपा गया था। लेकिन बाद में आरोपी कोर्ट मोहर्रिर की हिरासत से फरार हो गया। इस संबंध में कोर्ट मोहर्रिर द्वारा कोतवाली गंगनहर में मुकदमा पंजीकृत कराया गया।
मामले की प्रारंभिक जांच में प्रथम दृष्टया लापरवाही पाए जाने पर एसएसपी प्रमेन्द्र सिंह डोबाल ने कड़ा रुख अपनाते हुए महिला कोर्ट मोहर्रिर को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने के आदेश जारी किए। साथ ही पूरे प्रकरण की निष्पक्ष और विस्तृत जांच के लिए एडिशनल एसपी/सीओ रुड़की को जिम्मेदारी सौंपी गई है। उन्हें एक सप्ताह के भीतर जांच आख्या प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए हैं।
एसएसपी ने स्पष्ट किया है कि पुलिस कार्य में लापरवाही किसी भी स्तर पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी और दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी।
