हरिद्वार, 20 फरवरी। बीती रात उस समय हड़कंप मच गया जब तुलसी चौक स्थित फुटपाथ से महज दो वर्ष की एक मासूम बच्ची के चोरी होने की सूचना मिली। घटना की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल प्रभाव से अपहरण की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर तेजी से कार्रवाई शुरू की। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नवनीत सिंह ने पूरे घटनाक्रम का खुलासा करते हुए बताया कि उनके निर्देश पर सिटी कोतवाली पुलिस, एएचटीयू (एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट) और सीआईयू की कुल पांच संयुक्त टीमें गठित की गईं। टीमों को अलग-अलग क्षेत्रों में जिम्मेदारी सौंपी गई। जनपद के संवेदनशील स्थानों, बॉर्डर क्षेत्रों, बस अड्डों और रेलवे स्टेशन पर विशेष सतर्कता बरती गई तथा संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी गई। रात के अंधेरे में हुई इस वारदात में एक अस्पष्ट साया शक के दायरे में है। पुलिस ने मैन्युअल पुलिसिंग के साथ-साथ डिजिटल साक्ष्यों को भी खंगाला। सीसीटीवी फुटेज, स्थानीय पूछताछ और तकनीकी विश्लेषण के आधार पर लगातार सर्च ऑपरेशन चलाया गया। पुलिस टीमों की सक्रियता और दबाव का ही परिणाम रहा कि चोरी के मात्र चार घंटे के भीतर बच्ची ऋषिकुल चौक बस स्टॉप के पास लावारिस हालत में सकुशल बरामद कर ली गई। मासूम को सुरक्षित परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया, जिससे परिवार और क्षेत्रवासियों ने राहत की सांस ली। फिलहाल पुलिस जुटाए गए साक्ष्यों को जोड़कर अपहरणकर्ता की तलाश में जुटी है। अलग-अलग टीमें संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही आरोपी को गिरफ्तार कर पूरे घटनाक्रम का खुलासा किया जाएगा। प्रेस वार्ता में SP सिटी अभय प्रताप सिंह, CO सिटी शिशुपाल सिंह नेगी, CO ट्रेफिक विपेंद्र सिंह मौजूद रहे।
