मृतक के पिता मुस्तकीम की तहरीर पर कोतवाली रानीपुर में अज्ञात अभियुक्त के विरुद्ध मुकदमा पंजीकृत किया गया था। घटना के बाद पुलिस द्वारा सीसीटीवी फुटेज, मोबाइल कॉल डिटेल्स और डिजिटल साक्ष्यों की गहन जांच की गई, लेकिन लंबे समय तक मामला अंधेरे में ही रहा। इस पर SSP हरिद्वार ने नाराज़गी व्यक्त करते हुए विवेचना की पुनः समीक्षा के आदेश दिए। उक्त खुलासे की जानकारी पत्रकारों को देते हुए पुलिस कप्तान प्रमेंद्र डोबाल ने बताया कि मामले को गंभीर चुनौती के रूप में लेते हुए अतिरिक्त पुलिस बल और CIU की टीम को लगाया गया। दोबारा किए गए सूक्ष्म विश्लेषण में एक संदिग्ध ग्रे रंग की जुपिटर स्कूटी जांच के घेरे में आई। 22 दिसंबर की रात पुलिस चेकिंग के दौरान उक्त स्कूटी के साथ अभिमन्यु नामक व्यक्ति को हिरासत में लिया गया।
पूछताछ में आरोपी ने चौंकाने वाला खुलासा करते हुए बताया कि वह होमगार्ड है और एक महिला होमगार्ड से उसके संबंध थे। महिला को मृतक वसीम द्वारा परेशान किए जाने से आक्रोशित होकर उसने हत्या की साजिश रची। आरोपी ने वसीम की रेकी कर चलती मोटरसाइकिल से गोली मारकर उसकी हत्या कर दी।
पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त तमंचा व कारतूस बरामद कर लिए हैं। आरोपी के विरुद्ध अग्रिम विधिक कार्रवाई की जा रही है। प्रेस वार्ता में SP सिटी अभय प्रताप सिंह, SP क्राइम जितेंद्र मेहरा, ASP निशा यादव, जितेंद्र चौधरी भी मौजूद थे।
