हरिद्वार, 18 मार्च। हरिद्वार में स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर सियासत एक बार फिर गरमा गई है। जगजीतपुर मेडिकल कॉलेज और भूपतवाला क्षेत्र के अस्पतालों की बदहाल स्थिति को लेकर कांग्रेस ने सरकार और प्रशासन पर तीखा हमला बोला है।
प्रेस क्लब में आयोजित प्रेस वार्ता में ज्वालापुर विधायक रवि बहादुर ने कहा कि करोड़ों की जमीन पर बना मेडिकल कॉलेज आज भी पूरी तरह चालू नहीं हो पाया है, जिससे मरीजों को बाहर के अस्पतालों का सहारा लेना पड़ रहा है। उन्होंने चेतावनी दी कि जल्द ही मुख्यमंत्री और जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा जाएगा। पूर्व मेयर अनीता शर्मा ने भी सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि जनता के हित में मुफ्त दी गई जमीन पर आज भी अस्पतालों में ताले लटके हैं। उन्होंने दावा किया कि इलाज के अभाव में कई लोग रास्ते में ही दम तोड़ रहे हैं। प्रेस वार्ता में जिला अस्पताल की मोर्चरी में चूहों द्वारा शव कुतरने का मामला उठते ही माहौल और गरमा गया। कांग्रेस नेताओं ने इसे स्वास्थ्य व्यवस्था की बदहाली का जीता-जागता सबूत बताया। कांग्रेस महानगर अध्यक्ष अमन गर्ग ने कहा कि यदि सरकार मेडिकल कॉलेज को सही ढंग से नहीं चला पा रही है तो नगर निगम अपनी जमीन वापस लेने पर विचार करेगा। वहीं मनोज सैनी ने आरोप लगाया कि सरकार मेडिकल कॉलेज को पीपीपी मोड पर देने की तैयारी में थी, जिसे कांग्रेस के विरोध के चलते रोका गया। कांग्रेस नेताओं ने साफ चेतावनी दी है कि अगर जल्द स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार नहीं हुआ तो सड़कों पर आंदोलन किया जाएगा।
हरिद्वार। मेडिकल कॉलेज जगजीतपुर और भूपतवाला क्षेत्र में बने अस्पताल और मेडिकल कॉलेज को लेकर कांग्रेस ने सरकार और प्रशासन पर गंभीर सवाल खड़े किए। कांग्रेस ने आरोप लगाया कि जनहित में दी गई कीमती जमीन पर बने मेडिकल कॉलेज आज भी पूरी तरह संचालित नहीं हो पा रहा है, जिससे लोगों को बेहतर चिकित्सा सुविधाओं से वंचित रहना पड़ रहा है। उधर, जिला अस्पताल का मोर्चरी में चूहे का शव कुतरने का मामला भी प्रेस कॉन्फ्रेंस में सुर्खियों में रहा। प्रेस क्लब सभागार में पत्रकारों से मुखातिब होते हुए ज्वालापुर विधायक रवि बहादुर ने प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाओं पर सवाल उठाते हुए कहा कि जिले का सपना मेडिकल कॉलेज भी ठीक ढंग से संचालित नहीं हो पा रहा है। उन्होंने कहा कि आज भी मरीजों को बाहर के अस्पतालों पर निर्भर रहना पड़ रहा है। उन्होंने चेतावनी दी कि जल्द ही मुख्यमंत्री और जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा जाएगा। साथ ही उन्होंने आरोप लगाया कि करोड़ों की जमीन फ्री में देकर पूंजीपतियों को लाभ पहुंचाया जा रहा है, जो पूरी तरह गलत है। पूर्व मेयर नगर निगम हरिद्वार अनीता शर्मा ने कहा कि संबंधित भूमि उनके कार्यकाल में सभी पार्षदों की सहमति से जनता के हित में निःशुल्क दी गई थी। उन्होंने आरोप लगाया कि आज भी अस्पतालों में ताले लटके हुए हैं, जबकि जिले में स्वास्थ्य सुविधाएं बदहाल स्थिति में हैं। उन्होंने कहा कि कई मामलों में घायल लोग रास्ते में ही इलाज के अभाव में दम तोड़ देते हैं। उन्होंने प्रशासन से जल्द अस्पताल शुरू कराने की मांग की। इस दौरान जिला अस्पताल की मोर्चरी में चूहों द्वारा शव कुतरने का मामला भी उठाया गया। कांग्रेस महानगर अध्यक्ष अमन गर्ग ने कहा कि नगर निगम हरिद्वार ने मेडिकल कॉलेज जगजीतपुर के लिए भूमि दी थी, लेकिन वर्षों बाद भी सरकार इसे सुचारू रूप से संचालित नहीं कर पाई है। उन्होंने कहा कि आगामी बोर्ड बैठक में प्रस्ताव लाया जाएगा कि यदि सरकार मेडिकल कॉलेज नहीं चला पाती है तो भूमि वापस ली जाए। कांग्रेस नेता मनोज सैनी ने आरोप लगाया कि सरकार मेडिकल कॉलेज को पीपीपी मोड पर देने की तैयारी में थी, लेकिन कांग्रेस के विरोध के चलते इसे रोका गया। उन्होंने कहा कि जब शहरों में स्वास्थ्य सेवाओं का यह हाल है तो ग्रामीण क्षेत्रों की स्थिति का अंदाजा लगाया जा सकता है। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि जल्द सुधार नहीं हुआ तो कांग्रेस जन आंदोलन करने को बाध्य होगी। प्रेस वार्ता में मौजूद वरिष्ठ कांग्रेस नेता सोम त्यागी ने कहा कि केंद्र और राज्य में सरकार होने के बावजूद जनता को अपेक्षित स्वास्थ्य सुविधाएं नहीं मिल रही हैं, जो चिंता का विषय है। प्रेस वार्ता में पूर्व सभासद अशोक शर्मा, रकित वालिया, सुंदर सिंह मनवाल दिनेश कुमार, ब्लॉक अध्यक्ष विकास चंद्रा, पार्षद सुनील कुमार, विवेक भूषण विक्की, हिमांशु गुप्ता, पुनीत कुमार, सतेंद्र वशिष्ठ, आशु भारद्वाज, देवेश गौतम, हिमांशु बहुगुणा, बृज मोहन बड़थ्वाल, अनिल ठाकुर आदि कांग्रेस कार्यकर्ता उपस्थित थे।